कुछ अनसुनी सी बातें
कुछ आधे सुनी,
कुछ आधे सुलझी
कभी हासते है,
कभी रुलाजाते हैं,
पर जब भी याद आतें हैं,
माँ तेरी पास चलते है,
वक़्त के पंकुदियों पे,
उड़ चली हूँ मैं ,
उन बचपन के शरारतों के साथ,
तुम्हारी प्यारी सी हसी ,
सामेने आरही है ,
बड़ते हुए कदमो के साथ,
जब में निकल पड़ी हूँ,
अपने आस्तित्व के खोज में,
माँ तेरी ममता का स्पर्श,
चूजता है मुझे,
ज़िन्दगी चाहे कितना भी आगे ले जाये,
माँ तेरी आँचल में चुप जाने का मन करता है.
ज़िन्दगी तेरे बिना अधूरी से लगती है,
कभी मोड़ के उस पार से बुलाती हो,
दिल चाहे भाग के तेरे पास आ जाऊं
तुझे आपने पास ले आऊं,
ज़िन्दगी तेरे बिना कभी खलती है,
तो कभी तेरे जैसे बन ने की प्रेरणा देजाती है,
तू हमेशा मेरे साँसों में समाये हुए रहेती है,
माँ तू मुझे बड़ी याद आती है.
जनम दिन की हार्दिक शुभ कामनाएं


4 comments:
lovely :)
A very very happy birthday to your mom...bless her...
Hope you are fine, the words are touching though its gives a hint of pain somewhere...may be I am wrong.
Happy Birthday to your Mom.
Thanks Sub..:)
@Poonam...yep I am good but I guess the void left in life by mom is irreplaceable ....so i think that is reflecting smewhr...how have you been :)
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